The power of thought

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Sunday, August 25, 2013

धक्का

 दिल्ली की सड़कों पर आज एक ठेले वाले को ठेला चलाते देखा , जिसमें नयापन कुछ भी नहीं । पर एक चढाई पर जा कर वो फंस गया और लाचार सा यहाँ वहां देखने लगा । पर उसके पीछे एक महिला बैठी थी सो लोग उसे सलाह दे रहे थे की " उतार इस औरत को , और कर ले पार " इस पर उस महिला ने पूछा "बेटा , उतर जाऊ ?"उसने कहा "न मैय्या , बैठी रह तू,।खिञ्च लूँगा । "
तो मैं , शर्मिंदा क्या करता?
गया , और जा कर धक्का दे आया । 

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